नवनिर्मित पंचायत सरकार भवन अपने कमरों की सदुपयोग की बाट जोह रहा है ।

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गढ़पुरा(बेगूसराय):  बेगूसराय  जिले  के  गढ़पुरा  प्रखण्ड अन्तर्गत नवनिर्मित पंचायत सरकार भवन वर्षों पूर्व करोड़ो की लागत  से संवेदक  द्वारा बनाया गया । जो कि अबतक नवनिर्मित पंचायत सरकार भवन अपने कमरों की सदुपयोग क्षेत्रिय प्रतिनिधि व कर्मचारी द्वारा करने की बाट जोह रहा है । भवन संवेदक द्वारा सरकार को नही सौंपा गया । ना हीं इस भवन का उद्घाटन हीं किया गया , जिस नवनिर्मित भवन की स्थिति बिगड़ती जा रही है । नीचे आप तस्वीर से अनुमान लगा सकते हैं कि सरकार भवन मवेशियों के लिए बनवाई या फिर कवाड़ व कचड़ा ढ़ेर करने वास्ते बनवाई । आखिरकार यह स्थिति क्यों उत्पन्न हुई ? इसका जवाब यही होगा कि इस पंचायत के आमजन व क्षेत्रिय प्रतिनिधि भी जागरूक नहीं है ।

नवनिर्मित गढ़पुरा पंचायत सरकार भवन की पहली तस्वीर  ।

इसे देखने वाला ना हीं कोई प्रशासनिक अधिकारी है , और ना हीं इस पंचायत के कोई प्रतिनिधि व आमजन । सिर्फ सरकार के पैंसों का दुरूपयोग , लूट – खसोट व बंदरबांट। संवेदक कहां है , इसका भी कोई पता नहीं , छानवीन नहीं करना , ये कहां की लोकतंत्रिक सरकार की प्रबंधन है । हमें तो लगता है इस भवन की आवश्यकता ना हीं सरकार को है और ना हीं पंचायती राज इकाई को है । केन्द्र की सरकार हो या फिर राज्य की सरकार । आमजनों की सवाल का जवाब दें ।

सवाल है :- नवनिर्मित पंचायत सरकार भवन में पंचायती राज सचिवालय व ग्राम कचहरी शिप्ट क्यों नहीं किया गया ? नवनिर्मित भवन में स्थानांतरित ना होना भारतीय संविधान के साथ खिलवाड़ होना प्रतीत होता है । मानो कहीं ना कहीं इस भवन में अधिकृत संवेदक द्वारा लापड़वाही होना प्रतीत होता है । यदि इस भवन के संवेदक की लापड़वाही है , तो जिला में आला अधिकारी या फिर संबंधित विभाग के अधिकारी व कर्मचारी । हमें तो लगता है सबके सब कान में रूई डालकर सोये हुए हैं । यही नही आमजनों अब संघर्ष करना पड़ सकता है , क्रांति की आग सुलगाना पड़ सकता है ।

नवनिर्मित गढ़पुरा पंचायत सरकार भवन  दूसरी तस्वीर ।

इस पंचायत के मुखिया जागरूक नहीं हैं , जिसका नतीजा यह है कि नवनिर्मित पंचायत सरकार भवन खंडहर होने की स्थिति में आ गई । आमलोगों से मिली जानकारी के अनुसार यह पंचायत सरकार भवन पीछले पंचवर्षीय कार्यकाल में हीं बनकर तैयार हुआ ।

आगे बताते हैं कि अगर अब भी इस भवन में पंचायती राज सचिवालय व ग्राम कचहरी शिप्ट नहीं करती है सरकार तो अभी जिस स्थिति में है यह भवन उससे भी ज्यादा बदतर स्थिति में चली जाएगी ।अंतोगत्वा परिणाम यह शाबित होगा कि आमजनों की सरकारी योजना की राशि का दुरूपयोग । बेहतर व भलाई इसी में है कि नवनिर्मित भवन का सदुपयोग अविलंब सरकार द्वारा की जाए ।